इश्क की गहराई का कोई #संवाद नही हुआ
आज #अचानक अश्क जो ढलके तो उनकी बेरूख़ी पर #अनयास #मौन तोड़कर तोहमत-ए-मोहब्बत मुखरित हो गई
#प्रेम का बंधन कच्चे धागे का है..यकीनन बुनियाद है #मौन #प्रेम का...
न जाने क्यों अब वो हर बातो मे #अचानक बदलते है अपने मिज़ाज
#शबनम 🌸✍
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