#इम्तिहान बहुत है हमारी चाहत में
मुफ़लिस चाहत की दास्तान बाकी है
मुलाक़ात मुक़र्रर हो तो अरमानो का उजाला हो
मरते ख़्वाहिशो का अब #इम्तिहान ना हो
#सावन मेअब कोई ख्वाबो की #तस्वीर भिगोने
का #इम्तिहान ना हो !
#वीणा #बज़्म #अक्षरमाला #नारीशक्ति
#सरस #परख #शब्द_शाला
#शबनम 🌸✍ https://t.co/kSUFsGcCvZ
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