हकीकत

🌸🌸🌸🌸
कब #हक़िकत  समझेगा  कोई
सब झूठ समझेगें रात मेरे ऑसू
नहीं #शबनम बरसी है ..!🌿
ये #असलियत ही तो है मुलाक़ात भी 
होती है मगर ख़्वाबो में...!!
अब कैसे कहें चाहत-ए-एहसास बुझती नही 
#ओस की बूंदो  से ....🍃
#बज़्म #अक्षरमाला #नारीशक्ति #परख_मंच
#शब्द_शाला #सरस
#शबनम 🌸✍

Comments

Popular posts from this blog

शिद्दत

इंतेहा

संवेदना