लुत्फ

ज़िन्दगी हर वक्त अलग ही #लुत्फ़ देती है 
जब से जुदा  हुए है हमसे..
होती है  जब #लुत्फ़ की  बातें
 लगताहै ..फिर कोई और सितम बाकी है 
अब हिज्र में कोई सता नही सकता 
क्योंकि ख़्यालो मे #लुत्फ़ वस्ल-ए-यार का 
 कम नही होगा ..🌸
#बज़्म #अक्षरमाला #परख_मंच #सरस 
#शब्द_शाल 
#शबनम 🌸✍ https://t.co/g4uvj6LDGB

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